Thursday, November 20, 2014

HW #17 - Kanika Saxena

हर रोज़

मैं हर रोज़ सुबह सारे छै बजए उठती  हूँ।  सबसे पहले मैं अपने दांत साफ़ करथी हूँ।  उसके बाद मैं अपना चेहरा  धोती हूँ। चेहरा धोने के बाद, मैं अपने कमरे मैं वोपस जाती हूँ। कमरे में आने के बाद, मैं अपने कपड़े बदलती हूँ। उसके बाद मैं मेक-उप लगती हूँ और अपने बाल बनाती हूँ। जब मैं तैयार हो जाती हूँ, मैं अपने लिये नाश्ता पकाती  हूँ क्यों की मेरे पास सुबह डाइनिंग होल जाने के लिये समय नहीं होता । मैं सबसे पहले अपने लिये दूध गरम करती हूँ और फिर मैं उसमें कॉफ़ी डालती हूँ।  जब दूध तैयार हो जाता है, मैं डबल रोटी को गरम होने के लिये रकथी हूँ। नाश्ता खाने के बाद, मैं अपना बिस्तिर बनाती हूँ। ये सब करने के बाद, मैं अपनी आठ बजाए वाली कलास के लिये निकलती हूँ। मैं दोपहर  और रात का खाना डाइनिंग होल में करती हूँ। रात का खाना खाने के बाद मैं अपने कमरे में वोपस आती हूँ। सबसे पहले मैं अपने  कपड़े बदलती हूँ। उसके बाद मैं नाहती हूँ। नहने के बाद, मैं अपना दूध वाला मग धोती हूँ। ये काम करने के बाद, मैं होमवर्क करती हूँ। रात को सोने से पहले, मैं अपने दांत को फिरसे साफ़ करती हूँ और अपना चेहरा फिरसे धोती हूँ।  

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